दिल्ली के छत्रसाल स्टेडियम में आयोजित ‘जनता की अदालत’ कार्यक्रम में ‘‘आप’’ के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल शामिल हुए। दिल्ली के कोने-कोने से भारी तादात में आई जनता को उन्होंने रेवड़ी के पैकेट दिखाते हुए कहा कि ‘‘आप’’ की सरकार दिल्लीवालों को मुफ्त की छह रेवड़ी दे रही है और जल्द ही सातवीं रेवड़ी भी देगी। दिल्ली में सबको मुफ्त बिजली, पानी, बुजुर्गों की तीर्थयात्रा, महिलाओं की बस यात्रा, शानदार शिक्षा और इलाज मिल रहा है, अब सातवीं रेवड़ी के रूप में जल्द ही महिलाओं को हजार रुपए महीना भी देंगे। इसको बनाने में लगने वाली चीनी, तिल, घी और इलाइची जनता की है। मैं तो केवल हलवाई हूं, जिसने सबकुछ मिलाकर जनता की रेबड़ी जनता को वापस कर दी। इसलिए, अगर गलती से भी भाजपा को दिल्ली में मौका मिला तो मोदी जी सबकुछ उठाकर अपने दोस्त को दे देंगे और मुफ्त की सारी रेवड़ी बंद हो जाएगी।
मोदी जी कहते हैं, मैं मुफ्त की रेवड़ी दे रहा हूं, मैंने अपने दो करोड़ परिवारों की बिजली, पानी मुफ्त कर दी तो क्या गुनाह किया?- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मैंने दिल्ली के दो करोड़ लोगों को अपना परिवार माना है। आप सब मेरा परिवार हो। मोदीजी ने महंगाई कर दी है, तो क्या मैं चुप बैठा रहूं? मैंने आपकी बिजली-पानी फ्री कर दी, तो क्या गुनाह किया? दिल्ली की सारी महिलाएं मुझे अपना भाई मानती हैं। मैंने अपनी बहनों के लिए बस का किराया मुफ्त कर दिया, तो क्या गलत किया? दिल्ली के सभी बच्चों को मैं अपना बच्चा मानता हूं, मैंने उनके लिए अच्छे स्कूलों का इंतजाम कर दिया, तो क्या गलत किया? मोदी जी कह रहे हैं कि केजरीवाल मुफ्त की रेवड़ी दे रहा है। मैं मोदी जी से कहना चाहता हूं कि अगर गरीबों मुफ्त में अच्छी शिक्षा देना रेवड़ी है, तो केजरीवाल मुफ्त की रेवड़ी दे रहा है। अगर दिल्ली के लोगों को अच्छा इलाज देना मुफ्त की रेवड़ी है, महंगाई से छुटकारा दिलाना, बिजली मुफ्त करना फ्री की रेवड़ी है, तो केजरीवाल मुफ्त की रेवड़ी दे रहा है।
मेरी रेवड़ी में चीनी, तिल, घी और इलाइची जनता की है, मैं सिर्फ हलवाई हूं, जिसने सब मिलाकर जनता की रेवड़ी जनता को दे दी- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने रेवड़ी का पैकेट दिखाते हुए कहा कि आज मैं मुफ्त की रेवड़ियां लेकर आया हूं। इस पैकेट में 6 रेवड़ी है। आप जब यहां से बाहर जाओगे तो सभी को 6-6 रेवड़ी का यह पैकेट मिलेगा। केजरीवाल ने दिल्ली के हर नागरिक को 6 मुफ्त की रेवड़ियां दी हैं। इनमें पहली रेवड़ी, मुफ्त बिजली., दूसरी मुफ्त पानी, तीसरी बुजुर्गों के लिए मुफ्त तीर्थयात्रा, चौथी महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा, पांचवी सबके लिए शानदार शिक्षा और छठीं रेवड़ी सबके लिए मुफ्त अच्छा इलाज का है। ये 6 रेवड़ियां दे रहा हूं, जल्द ही सातवीं रेवड़ी भी आने वाली है, जिसमें दिल्ली की हर महिला को हर महीने हजार-हजार रुपए दिए जाएंगे। मैं प्रधानमंत्री जी से कहना चाहता हूं कि ये 6 रेवड़ियां है और सातवीं रेवड़ी आने वाली है। इस रेवड़ी को बनाने में लगने वाली चीनी, तिल, घी और इलाइची जनता की है। मैं तो केवल हलवाई हूं, जिसने यह सबकुछ मिलाकर जनता की रेबड़ी जनता को दे दी। ये रेवड़ी मेरी नहीं है। ये रेवड़ी भगवान का प्रसाद है। आप इसे घर ले जाकर पूजा घर में रखना और पूजा करके प्रसाद के रूप में इसे सब में बांट देना।
ये लोग दिल्ली-पंजाब में फ्री बिजली बंद करना चाहते हैं, ताकि इनके शासित राज्यों में लोग आवाज न उठाएं- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मैं मोदी जी को कहना चाहता हूं कि जनता से तिल, घी, चीनी और गुण इकट्ठा करके, रेवड़ी बनाकर मैंने जनता में प्रसाद बांट दिया। लेकिन मोदी जी, आपने को सारी की सारी मिठाई की दुकान उठाकर अपने दोस्त को दे दी। ये गलत है। मेरा कसूर यह है कि मैंने एक भी रेबड़ी मोदी जी के दोस्त को नहीं लेने दी। सारी रेवड़ी मैंने जनतो को बांट दी। इन्होंने पूरी प्लानिंग कर रखी है। अगर ये गलती से भी दिल्ली में चुनाव जीते, तो ये डीटीसी अपने दोस्त को दे देंगे। बिजली कंपनियां अपने दोस्त को दे देंगे। दिल्ली जल बोर्ड अपने दोस्त को दे देंगे। यहां तक की दिल्ली के सारे सरकारी स्कूल और अस्पताल अपने दोस्त को दे देंगे। फिर आप देख लेना, आपके बसों का किराया कितना होगा? सबसे पहले ये आपकी फ्री बिजली बंद करेंगे। आज गुजरात के लोग भाजपा वालों से पूछते हैं कि जब केजरीवाल ने दिल्ली और पंजाब में बिजली फ्री कर दी तो तुमने क्यों नहीं की? ये लोग गुजरात में बिजली फ्री नहीं करना चाहते हैं, बल्कि दिल्ली और पंजाब में फ्री बिजली बंद करना चाहते हैं, ताकि गुजरात या उत्तर प्रदेश के लोग आवाज न आठाएं। अगर आपने गलती से भी इन्हें वोट दे दिया तो आपकी छह की छह रेबड़ी खत्म हो जाएंगे।
भाजपा का डबल इंजन फेल हो गया है, एक इंजन जून में ही खराब हो गया था और अब एक-एक कर दूसरा इंजन भी खराब हो रहा है- केजरीवाल
इससे पहले, अरविंद केजरीवाल ने कहा कि शाम को मैं टीवी पर एग्जिट पोल देख रहा था। हरियाणा और जम्मू-कश्मीर से भाजपा की डबल इंजन सरकारें जा रही हैं। इन दोनों राज्यों से भाजपा की सरकार जा रही है। अब देश में डबल इंजन फेल हो गया है। एक इंजन जून में ही खराब हो गया था, जब इनकी 240 सीटें आई थीं। अब एक-एक करके इनका दूसरा इंजन भी खराब हो रहा है। ये पहले हरियाणा और जम्मू-कश्मीर से जाएगा और फिर झारखंड और महाराष्ट्र से भी जाएगा। अब सारे देश से इनकी डबल इंजन की सरकार जा रही है। लोगों को समझ में आ गया है कि डबल इंजन सरकार का मतलब महंगाई, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार है। इसलिए पूरे देश से इनकी सरकारें जा रही हैं।
दिल्लीवालों को ऐसी डबल इंजन की सरकार नहीं चाहिए जो हर राज्य को मणिपुर बना दे- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अब दिल्ली के चुनाव आने वाले हैं। ये लोग दिल्ली में आकर कहेंगे कि डबल इंजन सरकार बना दो। जब ये आएं, तो इनसे पूछना कि हरियाणा वालों ने तुम्हारी डबल इंजन की सरकार बनाई थी। हरियाणा में 10 साल इनकी डबल इंजन की सरकार रही, वहां ऐसा इन्होंने क्या किया कि आज हरियाणा में कोई इनको अपने गांव में नहीं घुसने दे रहा है। हरियाणा में आपकी रिश्तेदारियां होंगी, उनसे पूछना। मैं चुनाव प्रचार के लिए अभी पूरे हरियाणा में घूम रहा था। वहां लोग इन्हें धक्के मार-मारकर अपने मोहल्ले, गलियों और गांव से निकाल रहे हैं। हरियाणा के लोगों ने डबल इंजन की सरकार बनाई थी, तो तुमने वहां ऐसा क्या कर दिया कि हरियाणा वाले तुम्हें अपने-अपने गांव से दुत्कार कर भगा रहे हैं। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में सात साल से डबल इंजन की सरकार है। इन लोगों ने कुछ तो गड़बड़ की होगी तभी वहां लोकसभा में इनकी आधी सीटें रह गईं। इनकी डबल इंजन सरकार ने ऐसी क्या गड़बड़ की? मणिपुर में सात साल से इनकी डबल इंजन सरकार है। पिछले दो साल से मणिपुर जल रहा है। क्या ऐसी डबल इंजन सरकार चाहिए कि ये लोग हर राज्य को मणिपुर बना दें? अगर ये आपके पास आकर कहें कि डबल इंजन की सरकार चाहिए, तो इनसे कहना कि हमें बिल्कुल नहीं बनानी डबल इंजन की सरकार। ये देश डबल इंजन की सरकार से अब थक गया है। डबल इंजन का मतलब है- डबल लूट, डबल भ्रष्टाचार।
इनको अपने दोस्त को राज्यों में ठेके देने हैं, इसलिए इन्हें डबल इंजन की सरकार चाहिए- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मोदी जी के एक दोस्त हैं। कहते हैं कि मोदी जी कहीं भी विदेश जाते हैं तो वह उनके पीछे-पीछे वहां जाता है और उनके लिए ठेके इकट्ठा करके लाता है। वो देश के सारे काम उसको दे रहे हैं। केंद्र सरकार के सारे ठेके उसको मिलते हैं। इन्हें डबल इंजन की सरकार इसलिए चाहिए, क्योंकि इन्होंने केंद्र सरकार के सारे ठेके तो दे दिए, अब राज्यों के ठेके भी उनको देने हैं। इसलिए इनको डबल इंजन यानि डबल लूट की सरकार चाहिए। ये लोग दिल्ली में घर-घर जा कर कह रहे हैं कि जो-जो केजरीवाल ने किया, वो सारा काम हम भी करेंगे। ये आपके पास आएं तो आप इनसे कहना कि फिर हमें तुम्हारी क्या जरूरत है? हमारे सारे काम करने के लिए केजरीवाल है।
भाजपा की 22 राज्यों में सरकार हैं और हर जगह इन्होंने शिक्षा का सत्यानाश कर दिया- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली की जनता से कहा कि आज इनकी 22 राज्यों में सरकारें हैं। जब ये चुनाव में आपके पास आएं तो इनसे पूछना कि एक राज्य बता दो, जहां तुमने बिजली फ्री की हो। गुजरात, मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़ और उत्तर प्रदेश से लेकर उत्तराखंड और बाकी किसी एक राज्य में भी इन्होंने बिजली फ्री नहीं की है। हमने दिल्ली में गरीबों के लिए शिक्षा शानदार कर दी। सरकारी स्कूल अच्छे कर दिए। अगर ये आपके पास आएं और कहें कि हम केजरीवाल के सारे काम करेंगे, तो इनसे पूछना कि इन्होंने किस राज्य के स्कूल ठीक किए हैं? गुजरात में इनकी 30 साल से सरकार है, वहां एक अच्छा सरकारी स्कूल दिखा दो। मैं दो साल पहले गुजरात में चुनाव प्रचार के लिए गया था। एक स्कूल ऐसा नहीं मिला जो इन्होंने ठीक किया हो। इन लोगों ने गरीबों की शिक्षा का सत्यानाश कर दिया। ये एक काम ऐसा बता दें, जो इन्होंने 22 राज्यों में अच्छा किया हो।
रिटायरमेंट से पहले मोदी जी कोई एक ऐसा काम करके दिखा दें, जो हमने दिल्ली में किया है- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मैं प्रधानमंत्री मोदी से कहना चाहता हूं कि आप अगले साल 17 सितंबर को 75 साल के हो जाएंगे। अगले साल 17 सितंबर को आप रिटायर हो जाएंगे। प्रधानमंत्री का आपका एक साल और बचा है। मैं प्रधानमंत्री को चैलेंज करता हूं कि वह इस एक साल के अंदर अपने 22 राज्यों में कोई ऐसा काम करके दिखा दें, जो हमने दिल्ली में किया है। बिजली मुफ्त करके दिखा दें, स्कूल या अस्पताल ठीक करके दिखा दें। लोग कह रहे हैं कि मोदी जी को राज करते-करते दस साल हो गए। दस साल में इन्होंने कुछ नहीं किया। जब ये रिटायर होंगे तो लोग सोचेंगे कि ये क्या करके गए। लेकिन आखिरी एक साल में भी कुछ काम करके जाएंगे तो लोग कहेंगे कि चलो दस साल में नहीं किया, लेकिन ग्यारहवें साल में तो कुछ करके गए। आज मैं मोदी जी को कहता हूं कि कुछ नहीं तो वह एक ही काम करके दिखा दें। फरवरी में दिल्ली के चुनाव हैं, जिस तरह हमने दिल्ली में बिजली मुफ्त की है, अगर प्रधानमंत्री मोदी ने दिल्ली के चुनाव से पहले अपने 22 राज्यों में बिजली मुफ्त करके दिखा दी, तो मैं दिल्ली के अंदर खुद मोदी जी का प्रचार करूंगा।
दिल्ली की कानून-व्यवस्था बहुत खराब है, यहां रोज कहीं न कहीं गोलियां चल रही हैं- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि आज दिल्ली की कानून व्यवस्था की स्थिति बहुत खराब है। यहां रोज कहीं न कहीं गोलियां चल रही हैं। दिल्ली में बड़े-बड़े गैंग्सटर्स ने अपने ठिकाने बना लिए हैं। अखबारों में तो दो-चार ही खबरें छपती हैं, लेकिन दिल्ली के गांव-देहात में क्राइम बहुत बढ़ गया है। 4 अक्टूबर को दक्षिणी दिल्ली के जैतपुर, खड्डा कॉलोनी में नीमा अस्पताल में एक 50 साल के डॉक्टर की गोली मार कर हत्या कर दी गई। 30 सितंबर को उत्तम नगर में भाजपा के नेता रमनजीत सिंह की गाड़ी के ऊपर गोलियां चलाई गईं। 29 सितंबर को नांगलोई में दिल्ली पुलिस के एक हवलदार ने एक शराब माफिया को रोकने की कोशिश की, उसके ऊपर गाड़ी चढ़ाकर उसकी हत्या कर दी गई। 28 सितंबर को गुलाबी बाग में साढ़े तीन करोड़ रुपए का 4 किलो सोना लूट कर भाग गए। 28 सितंबर को नारायणा विहार में एक शोरूम और वहां खड़ी गाड़ी पर 20 राउंड गोलियां फायरिंग की गई। 28 सितंबर को महिपालपुर में एक होटल के अंदर फायरिंग हुई। उसी दिन नांगलोई में दो लोगों ने एक दुकान के बाहर तीन से चार राउंड फायरिंग की। ऐसे सैंकड़ों और मामले हैं। दिल्ली के अंदर जिस तरह से अपराध हो रहे हैं, उसने सारी सीमाएं पार कर दी हैं।
दिल्ली की कानून-व्यवस्था भाजपा के पास है, वह इसे संभालने के बजाय दिल्ली के काम रोक रही है- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि हम 90 के दशक के बारे में सुनते थे कि बंबई में अंडरवर्ल्ड का राज था। वही हाल आज दिल्ली का हो रहा है। आज लोगों का घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। यह केवल वो हैं जो अखबारों में छप रही हैं और जिसमें एफआईआर हो गई है। ऐसे न जाने कितने और मामले हैं, जो पुलिस के पास जाते ही नहीं हैं या पुलिस एफआईआर ही नहीं करती है। दिल्ली के अंदर आज आम आदमी का सुरक्षित जीना मुश्किल हो गया है। दिल्ली पुलिस इनके पास है। दिल्ली की सुरक्षा व्यवस्था इनके पास है। भाजपा क्या कर रही है? भाजपा तब क्या कर रही थी, जब दिल्ली में ये फायरिंग हो रही थी और जब ये सारी घटनाएं हो रही हैं? भाजपा केवल दिल्ली सरकार के काम रोकने की कोशिश कर रही है। दिल्ली के लोगों ने उन्हें एक ही काम दिया था कि दिल्ली की कानून व्यवस्था संभालो। लेकिन वह इनसे नहीं संभलता। जो काम इन्हें दिया गया है, ये लोग उसे नहीं करते, बल्कि ये दिल्ली सरकार के बस मार्शलों को रोकने की कोशिश करते हैं।
बस मार्शल तैनात होने से बसों में यात्रा करने वाले लोग खुद को सुरक्षित महसूस करने लगे थे- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि इन लोगों को क्या पता कि बस में कैसे यात्रा होती है? राजनीति में आने से पहले मैं 10 साल दिल्ली की झुग्गियों में रहा था। बसों में रोज आया-जाया करता था। मुझे पता है कि दिल्ली की बसों में क्या व्यवस्था होती है। एक महिला जब दिल्ली की बस में चढ़ती है और उसे बैठने के लिए सीट नहीं मिले, उसके साथ किस तरह का व्यवहार होता है, बसों में किस तरह से जेब कतरे काम करते हैं, किस तरह से अपराध होते हैं, यह मैं जानता हूं। जब दिल्ली में हमारी सरकार बनी तो हमने बसों में बस मार्शल नियुक्त किए। बसों में बस मार्शलों के नियुक्त होने के बाद मुझे चारों तरफ से खबरें मिलने लगीं कि महिलाएं अब बसों में खुद को सुरक्षित महसूस कर रही हैं। उन्होंने कहा कि अगर किसी बस में कोई मनचला या गलत आदमी किसी महिला को छेड़ता था, तो वह जोर से शोर मचाती थी। बस मार्शल तुरंत आकर उस आदमी को दबोच लेते थे और उसे पुलिस थाने ले जाते थे। ऐसे कई मौके आए, मुझे पता है कि हमारे बस मार्शलों ने कितने अपराध रोके हैं, कितने जेब कतरे पकड़े हैं। एक बार कुछ लोग एक चार साल के बच्चे को किडनैप करके ले जा रहे थे। वह बच्चा बुरी तरह से रो रहा था। बस मार्शल को शक हुआ। जब वह आदमी उस बच्चे को लेकर एक स्टॉप पर उतरा तो बस मार्शल भी उसके पीछे-पीछे उतर गया और रेलवे स्टेशन तक उसका पीछा किया। तब पता चला कि वह आदमी उस बच्चे को किडनैप करके ले जा रहा था। हमारे बस मार्शल ने उस किडनैपर को पकड़वाकर उस बच्चे को उसके मां-बाप से मिलवाया।
इन्होंने बस मार्शलों को हटाकर उनको बेरोजगार करने के साथ ही महिलाओं को असुरक्षित कर दिया- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अगर इनसे दिल्ली की कानून व्यवस्था नहीं संभल रही है और कोई दूसरा अच्छे काम कर रहा है, तो कम से कम उसे तो मत रोको। अगर हमने दिल्ली की बसों में सुरक्षा की व्यवस्था की थी, तो इन्हें यह पूरी दिल्ली के अंदर करनी चाहिए थी। लेकिन इन लोगों ने बस मार्शलों को ही हटा दिया। इन लोगों को शर्म आनी चाहिए। बस मार्शलों को हटाए एक साल हो गया। तीन-चार बार मैं खुद एलजी के पास होकर आया हूं। मैंने एलजी साहब के पैर पकड़े और कहा कि इन बस मार्शलों को मत हटाओ। एक तरफ इन्होंने दिल्ली की बसों में महिलाओं को असुरक्षित कर दिया, दूसरी तरफ इन गरीब बस मार्शलों को बेरोजगार कर दिया। ये बस मार्शल बेचारे गरीब परिवारों से आते हैं। इन्हें महीने के 15-15 हजार रुपए मिलते हैं। 15 हजार रुपए में आजकल गरीब आदमी ही नौकरी करता है। इन नेताओं का बच्चा बस मार्शल की नौकरी नहीं करता। इन लोगों ने दस हजार बस मार्शलों की नौकरी छीन ली। फिर भी ये नौटंकी कर रहे हैं, झूठ बोल रहे हैं।
इनको लगता है कि यह हजारों लोगों को नौकरी से निकाल कर दिल्ली का चुनाव जीत जाएंगे- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने आगे कहा कि शनिवार को हमारी पूरी कैबिनेट इनके साथ बैठी। सीएम आतिशी, सौरभ भारद्वाज समेत हमारे सारे मंत्री इनसे बोले कि कहां साइन करने हैं। तब इन्होंने कहा कि कैबिनेट नोट पास करो। मंत्रियों ने कैबिनेट नोट बना दिया, लेकिन अपने एलजी से बस मार्शलों को बहाल नहीं करा पाए। शनिवार को यह लोग सारे देश और दिल्ली के सामने नंगे हो गए। इसका मतलब है कि इनकी नीयत नहीं है। ये लोग गरीबों के खिलाफ हैं। ये गरीब विरोधी हैं। इसी तरह, जब मैं जेल में था, इन्होंने अस्पतालों से 500 डाटा एंट्री ऑपरेटर निकाल दिए। इन भाजपा वालों ने दिल्ली सरकार के अस्पतालों में मरीजों की पर्ची बनाने वाले 500 गरीब लोगों को निकाल दिया। इन्होंने सीवर की सफाई करने वाली एक हजार लेबर निकाल दी। इन्होंने अलग-अलग विभागों में काम करने वाले फेलोज निकाल दिए। इन्होंने पांच महीने से पांच हजार होम गार्ड्स की तनख्वाह रोक रखी है, पांच महीने तक वृद्धावस्था पेंशन रोके रखी, 6 महीने से विधवा पेंशन रोक रखी है, डीटीसी के पेंशनधारियों की आठ महीने से पेंशन रोक रखी है। इन्हें शर्म आनी चाहिए। इनको भगवान से डरना चाहिए। इन्होंने गरीब लोगों की नौकरी छीन ली, इन्हें इसकी हाय लगेगी। इनको लगता है कि ऐसा करके ये दिल्ली जीत जाएंगे? तुम्हारे पास इतनी ताकत है, केंद्र में तुम्हारी सरकार है। इतना पैसा है, कुछ अच्छे काम करते।
मंत्री बनने के बाद लोगों का अहंकार बड़ा हो जाता है, लेकिन हमारे मंत्री दिल्लीवालों के लिए भाजपा नेता के पैरों में गिर गए- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली की जनता चिंता न करे। अब केजरीवाल आ गया है। मैं सबकी तनख्वाह दिला दूंगा, सारे रूके काम करा दूंगा और सबकी नौकरी वापस करवाउंगा। हम मिलकर लड़ेंगे। मैंने देखा कि कल कैसे सौरभ भारद्वाज, भाजपा नेता विजेंद्र गुप्ता के पैरों में पड़ गए। ये कोई छोटी बात नहीं है, बहुत बड़ी बात है। कोई मंत्री बन जाए तो उसका अहंकार बहुत बड़ा हो जाता है। लेकिन हमारे मंत्री दिल्ली के लोगों के लिए इनके पैरों में भी गिर जाते हैं। कल सौरभ भारद्वाज भाजपा के पैरों में नहीं गिरा था। सौरभ भारद्वाज कोई एक शख्स नहीं है, बल्कि ये दिल्ली के दो करोड़ लोगों द्वारा चुना हुआ मंत्री है। ये आपका मंत्री है। सौरभ भारद्वाज भाजपा के पैरों में नहीं थे, बल्कि इस देश का जनतंत्र भाजपा के पैरों में गिरकर कराह रहा था। यह देखकर बड़ी शर्म आई कि दिल्ली के लोगों ने जिस पार्टी को 62 सीटें दीं और जिस पार्टी को 8 सीटें दीं। वो 62 सीटों वाली सरकार भाजपा के पैरों में गिरकर उनसे भीख मांग रही है कि हमारे बस मार्शलों की नौकरी बचा लो।
इन्होंने दिल्ली के सारे काम रोक दिए थे, अब मैं आ गया हूं, सारा काम कराऊंगा, सड़कें बननी चालू हो गई हैं- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि जब मैं जेल गया तो इन्होंने आपकी सड़कें खराब कर दीं। सड़कों की मरम्मत बंद करा दी। जगह-जगह सीवर का मेंटिनेंस बंद करा दिया। हम अस्पतालों और मोहल्ला क्लीनिक में दवाएं मुफ्त देते हैं। वहां फ्री दवाई और फ्री टेस्ट का इंतजाम किया है। आठ साल से सबकुछ ठीक चल रहा था। सबको फ्री दवाइयां और टेस्ट मिल रही थीं। जैसे ही मैं जेल गया, इन्होंने आपकी दवाइयां और टेस्ट बंद करा दिए। यह देखकर मुझे बड़ी तकलीफ हुई। इस पृथ्वी पर भगवान ने हमें कुछ पुण्य कमाने के लिए भेजा है। सत्ता के अहंकार में इतने चूर मत हो जाओ कि इतने बुरे पाप करने लगो। अगर दवाइयों की वजह से किसी की मौत हो जाएगी, अस्पतालों में लोग दवाइयों की कमी की वजह से बीमार रहेंगे, तो इससे दिल्ली के लोगों का ही नुकसान होगा। मैं आ गया हूं, अब ये सारी चीजें दोबारा ठीक कराऊंगा। मैं सीएम आतिशी से बात करूंगा। सड़कों की रिपेयरिंग चालू हो गई है। पूरी दिल्ली के अंदर हमारे मंत्री और सारे विधायक सड़कों के ऊपर उतरे हुए हैं। सबकी रिपेयर चालू करा दी। सीवर की सफाई भी जल्दी शुरु कराएंगे। इन्होंने जो दवाइंया और टेस्ट बंद कराइ हैं, उसे भी दोबारा चालू कराएं। वृद्धा पेंशन चालू करा दी है।
क्या भगत सिंह इसलिए फांसी पर चढ़े थे कि अंग्रेज जाएंगे और एक एलजी आकर दिल्ली पर राज करेगा?- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने आगे कहा कि आज दिल्ली में जनतंत्र नहीं है। पहले हमारे देश में ब्रिटिश राज था। आज हमारे देश में एलजी राज है। जब मैं जेल था, मैंने भगत सिंह, सुभाष चंद्र बोस, अशफकुल्लाह खान की जिंदगी के बारे में खूब पढ़ा। मैंने भारतीय स्वाधीनता आंदोलन के बारे में खूब पढ़ा। मैं सोच रहा था कि भगत सिंह क्या इसलिए फांसी पर चढ़े थे कि अंग्रेज जाएंगे और एक एलजी आकर दिल्ली के ऊपर राज करेगा। अगर दिल्ली की जनता चाहती है कि दिल्ली में बस मार्शल होने चाहिए, तो क्या एलजी के पास बस मार्शल हटाने की पावर होनी चाहिए? अगर दिल्ली की जनता चाहती है कि अस्पतालों में फ्री दवाइयां मिलनी चाहिए, तो क्या एलजी के पास दवाइयां बंद करने की पावर होनी चाहिए? अगर दिल्ली की जनता चाहती है कि उसे फ्री इलाज और टेस्ट मिले, तो क्या एलजी के पास फ्री इलाज बंद करने की पावर होनी चाहिए? अगर दिल्ली की जनता चाहती है कि उसे फ्री मिले तो क्या एलजी के पास फ्री बिजली बंद करने का अधिकार होना चाहिए?
हम दिल्ली को एलजी के राज से मुक्ति दिलाकर जनता का शासन कामय करके रहेंगे- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली के लोगों के खिलाफ निर्णय लेने वाला एलजी कौन होते हैं? हमें दिल्ली में जनतंत्र लेकर आना है, जो पूरे देश के अंदर सभी लोगों का आधिकार है। पंजाब, राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ से लेकर सभी राज्यों में लोग जिसे वोट डालकर चुनते हैं उस सरकार की पूरी पावर होती है। लेकिन आज दिल्ली के लोगों के पास अपनी पावरफुल सरकार चुनने का अधिकार नहीं है। उन्होंने कहा कि मैं एक बहुत छोटा आदमी हूं। आज से 10-12 साल पहले कोई नहीं जानता था कि केजरीवाल कौन है? मैं दिल्ली की झुग्गी-बस्तियों में काम किया करता था। उन झुग्गी-बस्तियों से उटाकर आपने मुझे अपने दिल में बसा लिया। आज मैं कसम खा कर जा रहा हूं, अपनी जिंदगी में मैं आपको आपके अधिकार दिलाकर रहूंगा। दिल्ली को पूर्ण राज्य बनाकर रहेंगे। हम दिल्ली को एलजी के राज से मुक्ति दिलाकर जनता का शासन कामय करके रहेंगे।
जनता को तय करना है, मुफ्त में रेवड़ी बांटने वाला भ्रष्ट है या पूरे देश को उठाकर अपने दोस्त को बेचने वाला भ्रष्ट है?- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मोदी जी कहते हैं कि केजरीवाल चोर है। फ्री बिजली देने वाले चोर है या बिजली महंगा करने वाला चोर है? बच्चों के लिए अच्छी शिक्षा देने वाला चोर है या बच्चों की शिक्षा महंगा करने वाला चोर है? फ्री इलाज देने वाले चोर है या सरकार अस्पताल बंद करने वाला चोर है? पानी फ्री करने वाला चोर है या पानी महंगा करने वाला चोर है? जनता में रेवड़ी बांटने वाला चोर है या सारे देश को उठाकर अपने दोस्त को बेचने वाला चोर है? मैंने चोरी नहीं की इसलिए आज मैं सीना चौड़ा करके जनता के बीच जाकर कह रहा हूं कि अगर मैं ईमानदार हूं तो मुझे वोट देना और अगर ईमानदार नहीं हूं तो वोट मत देना। मेरे अंदर आज यह कहने की हिम्मत है क्योंकि मैंने चोरी नहीं की। आज मैं जनता की अदालत में आया हूं। मैंने केवल जनता के लिए काम किया है। मैंने अपने और अपने परिवार के लिए कभी काम नहीं किया।
सारी पार्टियां अपने बच्चों को टिकट देती हैं और मैंने अपने एक कार्यकर्ता को दिल्ली का मुख्यमंत्री बना दिया- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि हम देखते हैं कि जब सारी पार्टियों में टिकट देने की बात आती है, तो इन्हें अपने बच्चे याद आते हैं। मैंने आज तक अपने किसी रिश्तेदार को टिकट नहीं दिया। मैंने कभी अपने बेटे को टिकट नहीं दी। मैंने आपके बच्चों के लिए स्कूल बनवाए। हमेशा आपके बच्चों का ख्याल रखा है। अभी जब दिल्ली का नया मुख्यमंत्री बनाने की बात आई, तो भाजपा वाले कहने लगे कि केजरीवाल अपनी धर्मपत्नी को सीएम बनाएगा। मेरी पत्नी मुख्यमंत्री बनने के लिए बेताब नहीं है। हमने अपने कार्यकर्ता को दिल्ली का मुख्यमंत्री बनाया।
अमित शाह ने जेल में 15 दिन तक मेरी इंसुलिन बंद करा दी, अगर 15 दिन उनके इंजेक्शन रोक दिए जाएं तो क्या होगा?- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि जब मैं जेल में था तो इन्होंने मुझे तरह-तरह से यातनाएं देने की कोशिश की। इन्होंने मेरा इंसुलिन रोक दिया, मेरी दवाइयां रोक दीं। पिछले 10 साल से मुझे रोज दिन में चार बार इंसुलिन के इंजेक्शन लगते हैं। इन्होंने पंद्रह दिन तक मेरा इंसुलिन बंद रखा। अमित शाह को भी शुगर की बीमारी है। अमित शाह को भी इंसुलिन के इंजेक्शन लगते हैं। मैं उनसे पूछना चाहता हूं कि अगर 15 दिन तक आपके इंसुलिन के इंजेक्शन बंद कर दिए जाएं तो आपका क्या हाल होगा? अमित शाह ने तिहाड़ जेल में 15 दिन तक मेरे इंसुलिन के इंजेक्शन बंद कर दिए, अगर 15 दिन आपके इंजेक्शन भी रोक दिए जाएं तो क्या होगा? मेरी किडनी खराब हो सकती थी। मेरी मौत हो सकती थी। क्या आपका यही मकसद था? क्या आप यही चाहते थे? 2010 में अमित शाह को चार महीने के लिए जेल हुई थी। चार महीने वह गुजरात की जेल में रहे थे। मैं उनसे पूछना चाहता हूं कि क्या उनके भी इंसुलिन के इंजेक्शन बंद कर दिए गए थे, जब आप जेल में थे? फिर आपने मेरे साथ ऐसा क्यों किया? इसके पीछे आपकी क्या मंशा थी? देश जानना चाहता है कि आपने जेल के अंदर केजरीवाल का इंसुलिन बंद क्यों किया?
‘‘आप’’ कार्यकर्ताओं से अपील, हमें चुनाव हारना मंजूर है, लेकिन इनकी तरह गुंडागर्दी, गाली- गलौंच करना मंजूर नहीं- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने पार्टी कार्यकर्ताओं से कहा कि राजनीति में आने के बाद जब आप सत्ता में आते हो, तो आपके अंदर अहंकार आ जाता है। लेकिन आप कभी भी अहंकार मत करना। इन दूसरी पार्टियों से सीखो। जब-जब इन्होंने अहंकार किया, तो इनका क्या हाल हुआ। आज जिस तरह से भाजपा वाले गुंडागर्दी पर उतरे हुए हैं, उससे गुंडागर्दी मत सीखना। भाजपा के बड़े वरिष्ठ नेता ने कुछ दिन पहले गाली-गलौच से भरा हुआ ट्वीट किया है। क्या हम ऐसा भारतवर्ष चाहते हैं? मैं आम आदमी पार्टी से हूं। इसी तरह कोई भाजपा, कोई कांग्रेस, कोई समाजवादी पार्टी तो कोई किसी पार्टी के हैं। लेकिन हम आखिरकार हैं तो इसी देश के। फिर ये गाली-गलौच क्यों कर रहे हो? यह भारत की सभ्यता नहीं है। मैं आम आदमी पार्टी वालों से कहता हूं कि आप कभी गाली-गलौच मत करना। हम भले ही हार जाएंगे। हमें हारना मंजूर है। हमें सत्ता नहीं चाहिए, लेकिन कभी इस किस्म की गुंडागर्दी और गाली-गलौच किसी के साथ नहीं करेंगे। दूसरी बात, कभी बेईमानी से चुनाव मत लड़ना। हमने देश में पहली बार यह साबित करके दिखाया है कि ईमानदारी से चुनाव लड़े जा सकते हैं और ईमानदारी से चुनाव जीते जा सकते हैं।
भाजपा में हिम्मत है तो महाराष्ट्र और झारखंड के साथ दिल्ली का चुनाव करा कर दिखाए- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि आज ये आरोप लगा रहे हैं कि हमने बेईमानी का पैसा इकट्ठा करके गोवा का चुनाव लड़ा। आज मैं पूरी जिम्मेदारी के साथ कह रहा हूं कि गोवा के अंदर बेईमानी का एक भी पैसा इस्तेमाल नहीं किया गया। अगर हमने बेईमानी से गोवा का चुनाव लड़ा होता, तो आज मैं आपके बीच यहां खड़ा नहीं होता, बल्कि जिंदगी भर के लिए जेल में सड़ रहा होता। मैं छाती चौड़ी करके इसलिए कह रहा हूं, क्योंकि मैं ईमानदार हूं। मैं यहां से एक बार फिर मांग करता हूं कि अगर भाजपा में हिम्मत है, तो नवंबर में महाराष्ट्र और झारखंड के साथ दिल्ली का भी चुनाव करके दिखाए। नहीं तो मान ले कि वो हार गई। भाजपा मान ले कि वो डर गई और हार गई। वरना अभी चुनाव करके दिखाओ, हम चुनाव लड़ने के लिए तैयार हैं।