भाजपा दिल्ली में बिजली की कीमतें बढ़ाना चाहती है। इस बाबत प्रेस वार्ता कर आम आदमी पार्टी की वरिष्ठ नेता एवं दिल्ली सरकार में कैबिनेट मंत्री आतिशी ने कहा कि, उत्तर प्रदेश जैसी महंगी बिजली और लंबे पॉवर कट दिल्ली न देखने को मिले, इसके लिए अरविंद केजरीवाल को दोबारा मुख्यमंत्री बनाना ज़रूरी है। उन्होंने कहा कि दिल्ली के लोगों की 24 घंटे बिजली, सबसे सस्ती बिजली मिलती रहे। इसलिए अरविंद केजरीवाल को एक बार फिर दिल्ली का मुख्यमंत्री बनाना बहुत ज़रूरी है।
आतिशी ने कहा कि भाजपा का बिजली मॉडल, सबसे महंगी बिजली और लंबे-लंबे पॉवर कट का है। इस साल गर्मी में गुरुग्राम, नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद में 8-8 घंटे के पॉवर कट लगे। जबकि अरविंद केजरीवाल का मॉडल, देश में सबसे सस्ती और 24 घंटे बिजली देने का है। बीते जून महीने में दिल्ली ने 8400 मेगावाट की पीक डिमांड के बाद भी कहीं पर पावर कट नहीं हुआ।
उन्होंने कहा कि भाजपा शासित राज्यों में बिजली की कीमतें दिल्ली से 4 गुना ज्यादा हैं। दिल्ली में 400 यूनिट बिजली का बिल 980 रुपए है जबकि भाजपा शासित मध्यप्रदेश में 3800 रुपए और महाराष्ट्र में 4460 रुपए है। उन्होंने कहा कि भाजपा अपने एलजी के जरिए दिल्ली में भी बिजली महंगी करने के लिए कोई न कोई षड्यंत्र जरूर रचेगी, लेकिन हम दिल्ली में बिजली के दाम नहीं बढ़ने देंगे।
आतिशी ने कहा कि भाजपा की उत्तर प्रदेश सरकार ने अपने राज्य में बिजली कनेक्शन के दाम 250 फीसद बढ़ा दिए हैं। अब उत्तर प्रदेश में ग़रीब परिवार, गांव में रहने वाले परिवार, किसान परिवार जो 1 किलोवाट के छोटे-छोटे कनेक्शन लेते है, उसके लिए पहले मात्र 1200 रुपए देते थे, लेकिन अब भाजपा की सरकार ने उसे 250 फीसद बढ़ाकर 3000 रुपए कर दिया है। अब अगर किसी को 5 किलोवाट का कनेक्शन लेना है, जो कि एक आम मिडिल क्लास घरों के लिए सामान्य सी बात है, उसे भी भाजपा की उत्तर प्रदेश सरकार ने 118 फीसद बढ़ाकर 7967 रुपए से 17365 रुपए कर दिया है। यानी एक किलोवाट के कनेक्शन के लिए 250 फीसद और 5 किलोवाट के कनेक्शन के लिए 118 फीसद की वृद्धि की गई है।
आतिशी ने कहा कि यह वही उत्तर-प्रदेश की भाजपा की सरकार है, जिसने गर्मी में अपने बड़े शहरों नोएडा, ग्रेटर-नोएडा, गाजियाबाद, साहिबाबाद जैसे शहरों में 8-8 घंटे का पॉवर कट लगाया था। भाजपा के बिजली मॉडल में लंबे-लंबे पॉवर कट और सबसे महंगी बिजली मिलती है। इसलिए दिल्लीवालों के लिए बहुत ज़रूरी है कि वो फिर से अरविंद केजरीवाल को लेकर आए और दिल्ली का मुख्यमंत्री बनाए। वरना आज उत्तर प्रदेश जैसी महंगी बिजली और लंबे पॉवर कट दिल्ली में भी देखने को मिलेगी।
आतिशी ने कहा कि अरविंद केज़रीवाल, आम आदमी पार्टी की दिल्ली सरकार का बिजली का मॉडल 24 घंटे बिजली और सबसे सस्ती बिजली है। इस साल दिल्ली में 19 जून को 8400 मेगावाट के पीक डिमांड को बिना किसी लोड शेडिंग के पूरा किया गया। उन्होंने कहा कि, दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार न सिर्फ 24 घंटे बिजली देती है, बल्कि सबसे सस्ती बिजली देती है। दिल्ली में 37 लाख ऐसे परिवार हैं, जिनका बिजली का बिल जीरो आता है। 200 से 400 यूनिट के बीच बिजली इस्तेमाल करने वाले 15 लाख परिवारों का बिल आधा आता है।
उन्होंने दिल्ली और देशभर में भाजपा शासित राज्य सरकारों में 400 यूनिट से ज्यादा के बिजली बिल की क़ीमतों के आंकड़े को साझा करते हुए कहा कि दिल्ली में 400 यूनिट बिजली का बिल 980 रुपये आता है। गुजरात, अहमदाबाद में 400 यूनिट बिल 2044 रुपये आता है। गुरुग्राम, हरियाणा में 400 यूनिट बिल 2300 रुपये आता है। उत्तर प्रदेश में 2900 रुपये आता है, मध्य प्रदेश में 3800 रुपये आता है और महाराष्ट्र में 4460 रुपये आता है। कई राज्य जहां भाजपा की सरकार है वहां 400 यूनिट बिजली का बिल दिल्ली से 4 गुणा ज्यादा आता है। यानी लंबे-लंबे पॉवर कट और सबसे महँगी बिजली भाजपा का मॉडल है।
आतिशी ने कहा कि मैं सभी दिल्लीवालों से कहना चाहती हूं कि जब फ़रवरी में चुनाव आयेगा, तब सबको मिलकर फिर से अरविंद केजरीवाल को अपना मुख्यमंत्री बनाना है। तभी दिल्ली में 24 घंटे और सबसे सस्ती बिजली मिलती रहेगी। आने वाले 4 महीनों में जबतक मेरे पास दिल्ली का मुख्यमंत्री होने की जिम्मेदारी है, मैं भी दिल्लीवालों की रक्षा करने का पूरा प्रयास करूंगी, क्योंकि मुझे पता है कि, आने वाले समय में भाजपा अपने एलजी के माध्यम से दिल्ली में बिजली महंगी करने के लिए कोई न कोई षड्यंत्र जरूर रचेगी। मैं आम आदमी पार्टी और अरविंद केजरीवाल की तरफ से यह वादा करती हूं कि हम दिल्ली में बिजली के दाम नहीं बढ़ने देंगे।