भाजपा के एलजी द्वारा गैर कानूनी तरीके से एमसीडी के स्टैंडिंग कमेटी का चुनाव कराने का किए जा रहे प्रयास पर आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने आश्चर्य जताया है। उन्होंने कहा कि इनकी नीयत में खोंट है और ये चुनाव में कुछ न कुछ गड़बड़ करना चाहते हैं, तभी किसी भी तरह चुनाव कराने की ताबड़तोड़ कोशिश कर रहे हैं। एलजी साहब ने सारे नियमों को दरकिनार कर एक आइएएस अफसर को सदन की अध्यक्षता करने का आदेश दिया है। जबकि सदन बुलाने और उसकी अध्यक्षता करने का अधिकार सिर्फ मेयर के पास है। नियमानुसार, जब भी सदन बुलाया जाएगा, उसके सदस्यों को उपस्थित होने के लिए कम से कम 74 घंटे का समय दिया जाएगा।
‘‘आप’’ के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कहा कि एमसीडी के कानून में साफ-साफ लिखा है कि सदन की बैठक बुलाने का अधिकार केवल और केवल मेयर के पास है। मेयर के अलावा किसी और को सदन की बैठक बुलाने का अधिकार नहीं है। एमसीडी के सदन की बैठक एलजी साहब या कमिश्नर नहीं बुला सकते। मेयर ही सदन की बैठक बुला सकती है और बैठक की अध्यक्षता भी मेयर ही करेंगी।
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि नियम को दरकिनार कर एलजी साहब ने एमसीडी का सदन बुला दिया और उसकी अध्यक्षता किसी आइएएस अफसर को करने के नामित कर दिया। ऐसे तो कल को यह कहेंगे कि होम सेक्रेटरी लोकसभा की बैठक की अध्यक्षता करेगा। हम लोकतंत्र में रहते हैं। इसके अलावा, कानून में लिखा है कि जब भी सदन बुलाया जाएगा, उसमें 72 घंटे का समय दिया जाएगा। कोई पार्षद बाहर चला गया या उपलब्ध नहीं है, तो उसे समय पर पहुंचने के लिए कुछ समय की जरूरत होती है। इनकी नीयत में खोंट नजर आ रही है। चुनाव में कुछ न कुछ गड़बड़ करने की इनकी साजिश नजर आ रही है। इसी वजह से ये किसी भी तरह से चुनाव कराने में ताबड़तोड़ लगे हुए हैं।
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि मुझे पता चला है कि मेयर ने एमसीडी के कमिश्नर को चिट्ठी लिखी है। उन्होंने शुक्रवार को दोपहर एक बजे होने वाले स्टैंडिंग कमेटी के चुनाव को गैर कानूनी और असंवैधानिक घोषित कर दिया है। साथ ही कमिश्नर को आदेश दिया है कि आज यह चुनाव न कराया जाएगा।